टूटा हूँ मैं यूँ कि अब जुड़ना मुश्किल है,
तन्हाई में आँखों से जब भी आँसू गिरते हैं,
हमने सोचा था, तुम्हारे बिना जीना नहीं होगा,
फिर एक दिन महसूस हुआ, बस वक़्त गुज़ारा गया था।
तेरी मोहब्बत अधूरी रह गई, पर मेरी तन्हाई पूरी हो गई।
आंखों में आंसू नहीं, फिर भी रोते हैं, तेरी यादों के बिना, अब हम अधूरे होते हैं।
क्यों नहीं समझ पाई मेरी मोहब्बत के राज़।
तू चला गया तो क्या हुआ, तेरी यादों का कारवां तो अब भी रुका है।
जैसे हमारी मोहब्बत का कहानी अभी भी खत्म नहीं हुई…!!!
फिर किताबों से मिटाने की ज़रूरत क्या है.
मुझे रोता देखकर वो हंस दिया, काश! मेरा दर्द ही मेरी खुशी होती।
बातें अधूरी रह गई, ख्वाब भी अधूरे रह गए, अब बस यादों का एक सिलसिला रह गया।
आज फिर तेरी याद आई और दिल रो पड़ा, तू तो खुश है, पर मैं अकेलेपन से जूझ रहा हूँ।
तेरा इंतजार करने में कोई गिला नहीं, Sad Shayari जो मेरा नहीं हो सका, वो किसी और का क्या होगा?